राजसमंद में 10 दिन के सूखे के बाद हुई हल्की बारिश, उमस से बेहाल हुए लोग
राजस्थान के राजसमंद जिले में करीब 10 दिनों के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार मंगलवार शाम मौसम ने करवट ली और हल्की बूंदाबांदी दर्ज की गई। दोपहर के बाद आसमान में घने काले बादलों का डेरा जमा रहा, जिसके बाद शाम करीब 4 बजे बारिश का सिलसिला शुरू हुआ। लगभग 15 से 20 मिनट तक हुई इस बारिश ने कांकरोली और राजनगर की सड़कों को तर कर दिया, जिससे वातावरण में हल्की नमी महसूस की गई।
दिनभर रही बादलों की आवाजाही, फिर बदला मौसम का मिजाज
जिले में मंगलवार की सुबह से ही बादलों का लुका-छिपी का खेल जारी था। हालांकि, सुबह के समय कुंभलगढ़, भीम, देवगढ़, आमेट, रेलमगरा, नाथद्वारा और कुंवारिया जैसे क्षेत्रों में मौसम शुष्क बना रहा। दोपहर ढलते-ढलते बादलों ने जोर पकड़ा और शाम होते-होते हल्की फुहारों ने दस्तक दी। हालांकि, यह बारिश इतनी कम थी कि इससे गर्मी और उमस से कोई खास राहत नहीं मिल सकी।
बारिश का ब्रेक तो टूटा, लेकिन उमस ने बढ़ाई परेशानी
लंबे समय बाद हुई इस बूंदाबांदी ने भले ही बारिश के सूखे ब्रेक को तोड़ दिया हो, लेकिन आम जनता के लिए यह राहत लेकर नहीं आई। बारिश की तीव्रता कम होने के कारण हवा में नमी की मात्रा बढ़ गई, जिससे लोगों को भारी उमस और घुटन का सामना करना पड़ा। जिले के किसान भी इस बारिश से संतुष्ट नहीं हैं, क्योंकि खेतों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पाया है।
फसलों के लिए अच्छी बारिश की दरकार
- किसानों की चिंता: खेतों में नमी की कमी के कारण फसलें अभी भी अच्छी बारिश की बाट जोह रही हैं।
- औसत बारिश का आंकड़ा: जिला कंट्रोल रूम के अनुसार, इस साल 1 जनवरी से अब तक 181 एमएम औसत बारिश दर्ज की गई है।
- मानसून की स्थिति: 1 जून से लेकर अब तक जिले में केवल 117 एमएम बारिश ही रिकॉर्ड की गई है, जो फसलों की जरूरत के हिसाब से काफी कम है।
फिलहाल, राजसमंद के किसान अब भी आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं, ताकि अच्छी बारिश से उनकी फसलों को जीवनदान मिल सके और जिले में सूखे के हालात न बनें।
