दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुई पुलिसिया कार्रवाई के विरोध में एनएसयूआई (NSUI) धौलपुर इकाई ने उग्र प्रदर्शन किया है। कॉलेज परिसर में आयोजित इस विरोध प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कर अपना आक्रोश व्यक्त किया। संगठन ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए इसे छात्रों के दमन की पराकाष्ठा करार दिया है।
छात्रों पर लाठीचार्ज के विरोध में सड़क पर उतरी एनएसयूआई
धौलपुर एनएसयूआई के प्रदेश महामंत्री पंकज तिवारी और जिला अध्यक्ष गौरव पोसवाल के नेतृत्व में बड़ी संख्या में छात्र एकजुट हुए। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि दिल्ली में अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर बल प्रयोग करना पूरी तरह से अनुचित और अलोकतांत्रिक है। एनएसयूआई ने स्पष्ट किया है कि वे छात्रों की आवाज को दबाने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं करेंगे और यह लड़ाई सड़क से लेकर संसद तक जारी रहेगी।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री से इस्तीफे की मांग
इस विरोध प्रदर्शन के दौरान एनएसयूआई के पदाधिकारियों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को सीधे निशाने पर लिया। प्रदेश महामंत्री पंकज तिवारी ने कहा कि दिल्ली की घटना के लिए शिक्षा मंत्री को नैतिक जिम्मेदारी लेनी चाहिए और उन्हें अपने पद से तत्काल इस्तीफा दे देना चाहिए। कार्यकर्ताओं का मानना है कि छात्रों के हितों की रक्षा करना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए, न कि उनके खिलाफ पुलिस का डंडा चलाना।
प्रदर्शन में इन प्रमुख नेताओं की रही मौजूदगी
इस विरोध प्रदर्शन में एनएसयूआई के कई वरिष्ठ पदाधिकारियों और छात्रों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम में शामिल प्रमुख लोगों में निम्नलिखित शामिल थे:
- जिला सचिव जितेंद्र महोदय
- ब्लॉक अध्यक्ष मनीष कुमार
- छात्र नेता सचिन कंसाना, अजीत, राम ब्रिज सिंह, विवेक कुमार और अतुल कुमार
- अन्य कार्यकर्ता राज, रोहित कुमार और रितिक कुमार
एनएसयूआई नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि छात्रों की जायज मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया और पुलिसिया कार्रवाई के खिलाफ उचित कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और अधिक तीव्र किया जाएगा।
