Abhijeet: कॉकरोच पार्टी के मशाल जुलूस में क्यों नहीं पहुंचे अभिजीत?

राजस्थान के सीकर में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को भंग करने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जबरदस्त विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। 'कॉकरोच जनता पार्टी' ने SFI के साथ मिलकर एक विशाल मशाल जुलूस निकाला। यह जुलूस शहर के पिपराली सर्किल से रवाना होकर सीएलसी चौराहे तक पहुंचा,…

सीकर में NTA के खिलाफ मशाल जुलूस: शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग तेज

राजस्थान के सीकर में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को भंग करने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जबरदस्त विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ ने SFI के साथ मिलकर एक विशाल मशाल जुलूस निकाला। यह जुलूस शहर के पिपराली सर्किल से रवाना होकर सीएलसी चौराहे तक पहुंचा, जहां बड़ी संख्या में छात्रों और कार्यकर्ताओं ने अपनी आवाज बुलंद की।

अभिजीत दीपके का वीडियो संबोधन और सीकर की जनता का आभार

इस कार्यक्रम में कॉकरोच जनता पार्टी के प्रमुख अभिजीत दीपके को शामिल होना था, लेकिन किन्हीं कारणों से वे नहीं पहुंच सके। उनकी जगह पार्टी के प्रवक्ता सौरव दास ने मोर्चा संभाला और वीडियो कॉल के जरिए दीपके का संबोधन लोगों तक पहुंचाया। अभिजीत दीपके ने अपने संबोधन में कहा:

  • इस आंदोलन को पूरे देश में सबसे अधिक समर्थन राजस्थान से मिला है।
  • वे सीकर की जनता का व्यक्तिगत रूप से आभार जताना चाहते थे, लेकिन दिल्ली में चल रहे धरने की सुरक्षा और पुलिस की सक्रियता के कारण वे नहीं आ सके।
  • आंदोलन समाप्त होते ही वे विशेष रूप से सीकर आकर लोगों का धन्यवाद करेंगे।
  • उन्होंने 20 जुलाई को दिल्ली में आयोजित होने वाले ‘संसद मार्च’ में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की।

प्रवक्ता सौरव दास ने उठाए गंभीर सवाल

कार्यक्रम के दौरान पार्टी के प्रवक्ता सौरव दास ने न्यायपालिका और सरकार दोनों पर तीखे हमले किए। उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपनी कुर्सी से इस तरह चिपके हुए हैं जैसे उस पर फेविकोल लगा दिया गया हो। उन्होंने 90 पेपर लीक होने के बावजूद मंत्री के इस्तीफे न देने पर नाराजगी जताई। इसके अलावा, उन्होंने चीफ जस्टिस सूर्यकांत के आरटीआई एक्टिविस्टों पर दिए गए बयानों की भी कड़ी आलोचना की।

प्रमुख मांगेंआंदोलन का विवरण
NTA को भंग करनापिपराली सर्किल से सीएलसी चौराहा तक मशाल जुलूस
धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा20 जुलाई को दिल्ली में संसद मार्च का आह्वान

सौरव दास ने आगे कहा कि देश के युवा अपनी आवाज उठाने के लिए आरटीआई का सहारा ले रहे हैं, लेकिन ऐसे बयानों से लोकतंत्र की भावना को ठेस पहुंचती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, यह संघर्ष इसी तरह जारी रहेगा।