बूंदी: रिश्वतखोरी के आरोप में ग्राम विकास अधिकारी सोनम नेहरा पर मामला दर्ज, ACB की कार्रवाई से मचा हड़कंप
राजस्थान के बूंदी जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। केशवरायपाटन पंचायत समिति की ग्राम पंचायत भीया की ग्राम विकास अधिकारी (VDO) सोनम नेहरा के खिलाफ रिश्वत मांगने के गंभीर आरोपों में मामला दर्ज किया गया है। आरोपी अधिकारी पर आरोप है कि उन्होंने सरकारी बिल पास करने की एवज में रिश्वत की मांग की थी।
क्या है पूरा मामला?
मामले की शुरुआत तब हुई जब पंचायत राज विभाग के एक ठेकेदार ने 5 मई को एसीबी में शिकायत दर्ज कराई। ठेकेदार के अनुसार, उसने ग्राम पंचायत भीया में स्वच्छ भारत मिशन के तहत कचरा संग्रहण, सड़क-नाली और सामुदायिक भवन की सफाई का कार्य किया था। कार्य पूरा होने के बाद दिसंबर माह में उसने कुल 1.64 लाख रुपये के बिल भुगतान के लिए सोनम नेहरा को सौंपे थे। आरोप है कि इन बिलों को पास करने के बदले VDO ने 25 हजार रुपये की रिश्वत मांगी।
सत्यापन के दौरान बढ़ी रिश्वत की मांग
एसीबी ने शिकायत मिलने के बाद 6 मई को इसका सत्यापन किया। जांच के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि रिश्वत की मांग 25 हजार से बढ़कर 76 हजार रुपये कर दी गई थी। इसमें से 51 हजार रुपये सरपंच के नाम पर मांगे जाने की बात सामने आई।
ट्रैप से पहले ही फरार हुई VDO
एसीबी ने 7 मई को जाल बिछाया, लेकिन भनक लगते ही सोनम नेहरा ने चालाकी दिखाई। उन्होंने परिवादी को दफ्तर के बजाय अपने किराए के मकान पर जाकर पति को पैसे देने के लिए कहा। जब एसीबी की टीम उनके आवास पर पहुंची, तो वे वहां से गायब हो चुकी थीं और उनके पति ने भी रकम लेने से साफ इनकार कर दिया।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| आरोपी अधिकारी | सोनम नेहरा (VDO, ग्राम पंचायत भीया) |
| रिश्वत की मांग | शुरुआत में 25 हजार, बाद में 76 हजार रुपये |
| कार्य का प्रकार | स्वच्छ भारत मिशन के तहत सफाई कार्य |
| कानूनी कार्रवाई | 13 जुलाई को ACB द्वारा मामला दर्ज |
सखावदा VDO से जुड़े हैं तार
एसीबी की जांच में यह भी सामने आया है कि जिस दिन सोनम नेहरा के खिलाफ ट्रैप की कार्रवाई चल रही थी, उसी दिन एसीबी ने ग्राम पंचायत सखावदा के VDO सतवीर सिंह को 25 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया था। जांच में पता चला कि सतवीर सिंह और सोनम नेहरा के पति आपस में करीबी दोस्त हैं। फिलहाल, एसीबी मामले की गहनता से जांच कर रही है और फरार VDO की तलाश जारी है।










