नागौर कृषि मंडी अपडेट: मसाला फसलों में तेजी बरकरार, जीरा 22 हजार के पार
नागौर की विशिष्ट श्रेणी कृषि उपज मंडी में मंगलवार को कारोबार का रुख सामान्य रहा। बाजार में अधिकांश कृषि जिंसों के दाम सोमवार के स्तर पर ही स्थिर बने रहे। हालांकि, मसाला फसलों की मांग में जबरदस्त उछाल देखने को मिला, जिससे जीरा, सौंफ और इसबगोल की कीमतों में तेजी का दौर जारी है। व्यापारियों का मानना है कि मंडियों में इन फसलों की निरंतर मांग के कारण कीमतों में मजबूती बनी हुई है, जिसका सीधा लाभ किसानों को मिल रहा है।
प्रमुख कृषि जिंसों के भाव (प्रति क्विंटल)
मंडी में हुई कुल आवक और गुणवत्ता के आधार पर कृषि जिंसों की कीमतों का विवरण नीचे दी गई तालिका में दिया गया है:
| जिंस का नाम | न्यूनतम भाव (रु.) | अधिकतम भाव (रु.) |
|---|---|---|
| जीरा | 17,000 | 22,000 |
| सौंफ | 7,000 | 12,500 |
| इसबगोल | 9,000 | 13,500 |
| काला तिल | 9,000 | 11,000 |
| सफेद तिल | 10,000 | 11,500 |
| मूंग | 5,500 | 7,600 |
| ग्वार | 5,000 | 5,975 |
| चना | 5,000 | 5,400 |
तिलहन और अन्य फसलों की स्थिति
तिलहन फसलों में भी कारोबार संतुलित नजर आया। 40 प्रतिशत तेल वाली सरसों (रायड़ा) का भाव 7,500 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज किया गया। इसके अलावा अन्य प्रमुख फसलों के भाव निम्नलिखित रहे:
- असालिया: 5,800 से 6,050 रुपए प्रति क्विंटल।
- दाणा मेथी: 5,700 से 6,100 रुपए प्रति क्विंटल।
- सिधी सुवा: 6,000 से 7,500 रुपए प्रति क्विंटल।
- तारामीरा: 5,500 से 6,000 रुपए प्रति क्विंटल।
- ज्वार: 4,500 से 6,000 रुपए प्रति क्विंटल।
बाजार का विश्लेषण
मंडी व्यापारियों के अनुसार, मंगलवार को बाजार का रुख स्थिर रहा। दलहन और तिलहन फसलों में आपूर्ति और मांग का संतुलन बना हुआ है, जिससे कीमतों में कोई बड़ा उतार-चढ़ाव नहीं देखा गया। हालांकि, मसाला फसलों की भारी मांग ने बाजार में मजबूती बनाए रखी है। किसानों को उनकी उपज की गुणवत्ता के आधार पर बेहतर दाम मिल रहे हैं, जिससे उत्पादकों में उत्साह का माहौल है। जानकारों का कहना है कि आगामी दिनों में भी प्रमुख मसालों की मांग इसी तरह बनी रहने की संभावना है।
