Surguja: छात्रों पर लाठीचार्ज के विरोध में कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन, फूंका पुतला


राजधानी दिल्ली में पेपर लीक के विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई पुलिसिया कार्रवाई ने देशभर में आक्रोश पैदा कर दिया है। इसी कड़ी में छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में कांग्रेस कमेटी, युवा कांग्रेस और एनएसयूआई ने एकजुट होकर केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी…

दिल्ली में छात्रों पर लाठीचार्ज के खिलाफ सरगुजा में उबाल: कांग्रेस ने फूंका प्रधानमंत्री का पुतला

राजधानी दिल्ली में पेपर लीक के विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई पुलिसिया कार्रवाई ने देशभर में आक्रोश पैदा कर दिया है। इसी कड़ी में छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में कांग्रेस कमेटी, युवा कांग्रेस और एनएसयूआई ने एकजुट होकर केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारियों का स्पष्ट कहना है कि सरकार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर कार्रवाई करने के बजाय, भविष्य की मांग कर रहे छात्रों पर बर्बरतापूर्ण लाठीचार्ज करवा रही है, जो पूरी तरह से अलोकतांत्रिक है।

राजीव भवन से कलेक्टोरेट चौक तक विरोध रैली

प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर पूरे छत्तीसगढ़ में विरोध प्रदर्शन का आयोजन किया गया था। सरगुजा में कांग्रेस कार्यकर्ता खराब मौसम और बारिश के बावजूद राजीव भवन स्थित जिला कार्यालय से बड़ी संख्या में एकत्रित हुए। हाथों में तख्तियां और सरकार विरोधी नारे लगाते हुए कार्यकर्ताओं ने कलेक्टोरेट चौक तक रैली निकाली। वहां पहुंचकर उन्होंने प्रधानमंत्री का पुतला जलाया और केंद्र सरकार की नीतियों को युवा-विरोधी करार दिया।

नीट पेपर लीक और छात्रों की आत्महत्या पर उठे गंभीर सवाल

प्रदर्शन के दौरान जिला कांग्रेस अध्यक्ष बालकृष्ण पाठक ने मोदी सरकार के कार्यकाल पर कड़े प्रहार किए। उन्होंने दावा किया कि मौजूदा सरकार के आने के बाद से अब तक देश में नीट (NEET) समेत कुल 152 परीक्षाओं के पेपर लीक हो चुके हैं, जिसने लाखों युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है। उन्होंने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि पेपर लीक के कारण हताशा में अब तक 21 छात्र आत्महत्या जैसा आत्मघाती कदम उठा चुके हैं, लेकिन सरकार की संवेदनहीनता बरकरार है।

शिक्षा मंत्री और गृहमंत्री के इस्तीफे की मांग

युवा कांग्रेस और एनएसयूआई के प्रभारी आलोक सिंह ने घटना की तीखी निंदा करते हुए कहा कि सरकार छात्रों की आवाज सुनने के बजाय उनसे भाग रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि:

  • शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को अपनी विफलता की जिम्मेदारी लेते हुए तुरंत इस्तीफा देना चाहिए।
  • प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस के साथ मिलकर की गई हिंसा के लिए गृहमंत्री अमित शाह को भी जवाबदेही तय करनी चाहिए।
  • पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।

इस विरोध प्रदर्शन में शफी अहमद, राकेश गुप्ता, हेमंत सिन्हा, इंदरजीत सिंह धंजल, संजीव मंदिलवार, मैदान जायसवाल, असफाक अलि, संजय सिंह, जीवन यादव, अमित कुमार सिंह, शुभम जायसवाल और प्रतिपाल सिंह सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी नेताओं ने एक स्वर में मांग की कि जब तक छात्रों को न्याय नहीं मिलता, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा।


Exit mobile version