
19 जुलाई 2026 को खगोलीय गणना के अनुसार, चंद्रदेव ने सिंह राशि से निकलकर कन्या राशि के उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र में प्रवेश किया है। सिंह राशि में शुक्र और चंद्रमा की युति अब समाप्त हो चुकी है, क्योंकि शुक्रदेव केतु के साथ सिंह राशि में ही विराजमान हैं, जबकि चंद्रमा आगे बढ़ गए हैं। कन्या राशि…

प्राचीन भारत के महान कूटनीतिज्ञ और अर्थशास्त्री आचार्य चाणक्य का नाम आज भी बुद्धिमत्ता के पर्याय के रूप में लिया जाता है। उनकी कालजयी रचना 'चाणक्य नीति' केवल सिद्धांतों का संग्रह नहीं, बल्कि एक व्यावहारिक जीवन दर्शन है। इसमें बताए गए नियम मनुष्य को सफलता, धन, रिश्तों और जीवन प्रबंधन के सही मार्ग पर चलने…

ज्योतिष शास्त्र में राहु को एक अत्यंत प्रभावशाली और छाया ग्रह माना गया है. यह अचानक घटने वाली घटनाओं, राजनीति, रहस्यों और भौतिक सुख-सुविधाओं का कारक है. राहु का गोचर और नक्षत्र परिवर्तन ज्योतिष की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण घटना मानी जाती है, जिसका प्रभाव सभी 12 राशियों के जीवन पर पड़ता है. आगामी 02…

Vastu Tips for Financial Prosperity: अक्सर हम अपने आसपास ऐसे लोगों को देखते हैं जो दिन-रात कड़ी मेहनत करते हैं, फिर भी उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार नहीं आता। कई बार भरपूर परिश्रम के बाद भी अपेक्षित फल नहीं मिलता। वास्तु विशेषज्ञों का मानना है कि इसके पीछे घर का वास्तु दोष एक बड़ी वजह…

कृष्ण जन्माष्टमी 2026Image Credit source: PTI

सावन 2026Image Credit source: PTI

धर्म डेस्क – हिंदू धर्म में शनिवार का दिन न्याय के देवता शनिदेव को समर्पित है। इस दिन उनकी विशेष पूजा-अर्चना का विधान है, ताकि जीवन के कष्ट दूर हो सकें। हालांकि, भागदौड़ भरी जिंदगी और समय के अभाव के कारण कई लोग शनि मंदिर तक नहीं पहुंच पाते। ऐसे में निराश होने की आवश्यकता…

सनातन परंपरा में नाग पंचमी का पर्व अत्यंत श्रद्धा और आस्था के साथ मनाया जाता है। यह विशेष दिन नाग देव को समर्पित है, जिन्हें भगवान शिव का आभूषण माना जाता है। शास्त्रों के अनुसार, जो भक्त इस दिन पूरी विधि-विधान से नाग देवता की आराधना करते हैं, उनके जीवन में सुख, शांति और समृद्धि…

सनातन परंपरा में चातुर्मास का विशेष महत्व है। यह चार महीने का कालखंड आध्यात्मिक शुद्धि, जप, तप और दान-पुण्य के लिए समर्पित माना गया है। शास्त्रों के अनुसार, आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की देवशयनी एकादशी से जगत के पालनहार भगवान श्री हरि विष्णु योगनिद्रा में चले जाते हैं, जिसे 'देव शयन' कहा जाता है।…

धर्म डेस्क: आजकल के भागदौड़ भरे जीवन में कई दंपतियों का यह अनुभव है कि बिना किसी ठोस कारण के भी उनके रिश्तों में दूरियां आने लगती हैं। छोटी-छोटी बातों पर तकरार होना, आपसी संवाद में कमी आना और भावनात्मक लगाव का कम होना एक आम समस्या बन गई है। लाख कोशिशों के बाद भी…









