Udaipur: ओगणा थाने के कॉन्स्टेबल ने की आत्महत्या, 2 महीने पहले हुई थी शादी

राजस्थान के उदयपुर जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। ओगणा थाना क्षेत्र में तैनात एक 28 वर्षीय कॉन्स्टेबल ने अपने किराए के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक कॉन्स्टेबल की पहचान मनोज कुमार मीणा के रूप में हुई है, जो मूल रूप से नयागांव के सरेरा गांव के निवासी थे।…

उदयपुर में पुलिसकर्मी ने की आत्महत्या, दो महीने पहले ही हुई थी शादी

राजस्थान के उदयपुर जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। ओगणा थाना क्षेत्र में तैनात एक 28 वर्षीय कॉन्स्टेबल ने अपने किराए के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक कॉन्स्टेबल की पहचान मनोज कुमार मीणा के रूप में हुई है, जो मूल रूप से नयागांव के सरेरा गांव के निवासी थे। इस घटना ने पूरे पुलिस महकमे को स्तब्ध कर दिया है।

पांच साल से ओगणा थाने में थे तैनात

मिली जानकारी के अनुसार, कॉन्स्टेबल मनोज कुमार पिछले 5 वर्षों से ओगणा थाने में अपनी सेवाएं दे रहे थे। मनोज का निजी जीवन अभी खुशहाली के दौर में था, क्योंकि उनकी शादी को महज दो महीने ही हुए थे। उनकी पत्नी फिलहाल अपने गांव में रह रही थीं, जबकि मनोज ड्यूटी के चलते ओगणा के मुख्य बाजार में किराए का कमरा लेकर अकेले रह रहे थे।

विवरणजानकारी
मृतक का नाममनोज कुमार मीणा
उम्र28 वर्ष
तैनातीओगणा थाना, उदयपुर
विवाह स्थितिदो माह पूर्व (विवाहित)

तबीयत खराब होने का दिया था हवाला

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मनोज ने शनिवार को अपनी तबीयत खराब होने की जानकारी दी थी, जिसके बाद उन्हें ड्यूटी से रेस्ट दिया गया था। रविवार सुबह जब थाने से एक साथी जवान ने उनकी खैरियत जानने के लिए कॉल किया, तो भी उन्होंने खराब स्वास्थ्य का ही हवाला दिया था। इसके बाद दोपहर में जब कई बार कॉल करने पर भी कोई जवाब नहीं मिला, तो पुलिस टीम उनके कमरे पर पहुंची।

खिड़की से झांका तो दंग रह गए साथी

जब थाने के जवान मनोज के कमरे पर पहुंचे, तो दरवाजा अंदर से बंद था। काफी देर तक आवाज लगाने और दरवाजा खटखटाने के बाद भी जब कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, तो पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित किया। शाम करीब 6 बजे सीआई और अन्य जाब्ता मौके पर पहुंचा।

  • दरवाजे की खिड़की से झांकने पर मनोज का शव पंखे से लटका मिला।
  • मनोज ने दुपट्टे का फंदा बनाकर आत्महत्या की थी।
  • पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव को बाहर निकाला।
  • शव को पोस्टमार्टम के लिए झाड़ोल मॉर्च्युरी में शिफ्ट कराया गया है।

जांच में जुटी पुलिस

आत्महत्या के कारणों का अभी तक खुलासा नहीं हो सका है। पुलिस अब इस पहलू पर भी जांच कर रही है कि कहीं काम का तनाव या कोई अन्य व्यक्तिगत कारण तो नहीं था। गौरतलब है कि मनोज की ड्यूटी पिछले एक सप्ताह से उदयपुर शहर में चल रही थी, जहां वे शिक्षक भर्ती परीक्षा और रथयात्रा की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात थे। दो दिन पहले ही वे वापस ओगणा थाने लौटे थे। फिलहाल पुलिस मामले की सघन जांच में जुटी है।