झाबुआ में पुलिस का ‘नशामुक्त समाज’ अभियान: छात्रों को नशे से दूर रहने का दिया संदेश
झाबुआ जिले में युवा पीढ़ी को नशे के दलदल से बाहर निकालने और एक स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। पुलिस विभाग द्वारा चलाए जा रहे विशेष जागरूकता अभियान के तहत पेटलावद की एसडीओपी अनुरक्ति सबनानी ने करवड़ स्थित राजा शंकर शाह-रघुनाथ शाह शासकीय सीनियर बालक छात्रावास का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने छात्रों को नशे से होने वाले घातक दुष्प्रभावों के प्रति सचेत किया और उन्हें उज्ज्वल भविष्य के लिए नशा मुक्त जीवन जीने की शपथ दिलाई।
यह महत्वपूर्ण अभियान पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना के दिशा-निर्देशों के अनुरूप 15 से 30 जुलाई तक पूरे राज्य में संचालित किया जा रहा है। झाबुआ पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पाटीदार और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रतिपाल सिंह महोबिया के कुशल मार्गदर्शन में जिले के विभिन्न क्षेत्रों में जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है, ताकि समाज के हर वर्ग को नशे के खिलाफ जागरूक किया जा सके।
गलत संगत से सावधान रहने की दी सलाह
छात्रों को संबोधित करते हुए एसडीओपी अनुरक्ति सबनानी ने स्पष्ट किया कि नशा केवल एक व्यक्ति को ही बर्बाद नहीं करता, बल्कि यह पूरे परिवार की खुशियों को निगल जाता है। उन्होंने छात्रों को जीवन में अच्छी संगत चुनने और नशा करने वाले लोगों से दूरी बनाए रखने की नसीहत दी। उन्होंने कहा कि सही और गलत की पहचान करना ही एक जागरूक छात्र की पहली जिम्मेदारी है।
| अभियान का विवरण | मुख्य बिंदु |
|---|---|
| अभियान की अवधि | 15 जुलाई से 30 जुलाई |
| मुख्य उद्देश्य | युवाओं को नशे से बचाना |
| प्रेरक | पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना |
हेल्पलाइन नंबर की जानकारी और सामूहिक शपथ
कार्यक्रम के दौरान एसडीओपी ने नशा मुक्ति हेल्पलाइन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने छात्रों को आश्वस्त किया कि यदि कोई व्यक्ति या उनका परिचित नशे की लत में फंस गया है, तो उसे घबराने की जरूरत नहीं है, बल्कि समय रहते सहायता लेनी चाहिए। कार्यक्रम का समापन छात्रों, शिक्षकों और ग्रामीणों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाकर किया गया।
- जागरूकता: छात्रों को नशे के कानूनी और स्वास्थ्य संबंधी नुकसान बताए गए।
- सहयोग: नशा मुक्ति हेल्पलाइन का व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया।
- उपस्थिति: कार्यक्रम में करवड़ चौकी प्रभारी प्रहलाद सिंह चुंडावत, छात्रावास अधीक्षक रितेश गामड़, ग्रामीण गंगाराम डामर और अरुण भोला पाटीदार सहित अनेक लोग मौजूद रहे।
इस पहल से क्षेत्र के युवाओं में नशे के प्रति नकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने और उन्हें शिक्षा व खेलकूद की ओर प्रोत्साहित करने में मदद मिलेगी। झाबुआ पुलिस का यह प्रयास आने वाले समय में समाज को एक बेहतर दिशा देने में सहायक सिद्ध होगा।










