शाजापुर में सोनम वांगचुक की हिरासत के विरोध में सड़कों पर उतरा NSUI
मध्य प्रदेश के शाजापुर में शनिवार दोपहर का नजारा काफी गरमाया हुआ रहा। यहां एनएसयूआई (NSUI) के कार्यकर्ताओं ने प्रख्यात शिक्षाविद् और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। यह विरोध प्रदर्शन शहर के बस स्टैंड स्थित उत्कृष्ट विद्यालय क्रमांक-1 और प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस पंडित बालकृष्ण शर्मा नवीन महाविद्यालय के बाहर आयोजित किया गया, जहां कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के तानाशाही रवैये के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन: एनएसयूआई
इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे कॉलेज अध्यक्ष रोहित चांदना ने केंद्र सरकार पर तीखे हमले किए। उन्होंने बताया कि सोनम वांगचुक लद्दाख की मांगों को लेकर पिछले 20 दिनों से शांतिपूर्ण तरीके से भूख हड़ताल पर बैठे थे। चांदना ने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस ने जिस तरह से उन्हें जबरन हिरासत में लिया और अस्पताल में भर्ती कराया, वह सीधे तौर पर देश के नागरिकों के लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है। उन्होंने इस घटना को देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए एक गंभीर खतरा बताया।
प्रमुख मांगों पर सरकार की चुप्पी
एनएसयूआई नेताओं ने अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि जंतर-मंतर पर छात्र और युवा शिक्षा मंत्री के इस्तीफे सहित विभिन्न महत्वपूर्ण मांगों को लेकर शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी आवाज अनसुनी कर रही है। प्रदर्शन के दौरान मुख्य बिंदु निम्नलिखित रहे:
- शांतिपूर्ण आंदोलन: कार्यकर्ता अपनी मांगों को लेकर अहिंसक तरीके से विरोध कर रहे थे।
- दमनकारी नीति: सरकार द्वारा आंदोलनकारियों को हिरासत में लेना अलोकतांत्रिक है।
- संवाद की कमी: सरकार छात्रों और शिक्षाविदों की जायज मांगों पर ध्यान देने के बजाय दमन का रास्ता अपना रही है।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में जुटे छात्र
इस विरोध प्रदर्शन में एनएसयूआई के तमाम पदाधिकारी और बड़ी संख्या में छात्र शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग है कि सरकार को आंदोलनकारियों की आवाज दबानी नहीं चाहिए, बल्कि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। नीचे दी गई तालिका में प्रदर्शन के मुख्य विवरण दिए गए हैं:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| स्थान | शाजापुर (उत्कृष्ट विद्यालय और कॉलेज परिसर) |
| मुख्य मुद्दा | सोनम वांगचुक की हिरासत और छात्रों की मांगें |
| संगठन | एनएसयूआई (NSUI) |
| विरोध का कारण | लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन |
अंत में, एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक रुख नहीं अपनाया, तो यह आंदोलन और भी उग्र रूप ले सकता है। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सतर्कता बरती गई।
