Traffic: एनसीसी कैडेट्स ने संभाली सड़कों की कमान, ट्रैफिक व्यवस्था में किया सहयोग

सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति जन-जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से इंदौर ट्रैफिक पुलिस ने रविवार को एक विशेष अभियान का आयोजन किया। इस अनूठी पहल में एनसीसी (NCC) कैडेट्स ने सक्रिय भागीदारी निभाते हुए शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने में पुलिस का सहयोग किया। एडिशनल डीसीपी विक्रम सिंह रघुवंशी के नेतृत्व…

इंदौर में सड़क सुरक्षा का संकल्प: ट्रैफिक पुलिस के साथ एनसीसी कैडेट्स ने संभाली यातायात व्यवस्था

सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति जन-जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से इंदौर ट्रैफिक पुलिस ने रविवार को एक विशेष अभियान का आयोजन किया। इस अनूठी पहल में एनसीसी (NCC) कैडेट्स ने सक्रिय भागीदारी निभाते हुए शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने में पुलिस का सहयोग किया। एडिशनल डीसीपी विक्रम सिंह रघुवंशी के नेतृत्व में चलाए गए इस अभियान के दौरान एनसीसी की 1 एमपी गर्ल्स बटालियन की कैडेट्स और स्टाफ ने शाम 4 बजे से रात 7 बजे तक शहर के व्यस्त चौराहों पर मोर्चा संभाला।

इन प्रमुख चौराहों पर दिखी कैडेट्स की मुस्तैदी

इस जागरूकता अभियान के तहत शहर के संवेदनशील और व्यस्त चौराहों को चुना गया था, ताकि अधिक से अधिक लोगों तक सुरक्षा का संदेश पहुंचाया जा सके। जिन प्रमुख स्थानों पर कैडेट्स ने ट्रैफिक पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों की देखरेख में जिम्मेदारी संभाली, उनकी सूची नीचे दी गई है:

क्रम संख्याचौराहे का नाम
1व्हाइट चर्च चौराहा
2पलासिया चौराहा
3गिटार तिराहा
4एलआईजी चौराहा
5रसोमा चौराहा
6विजय नगर चौराहा

प्रशिक्षण के बाद धरातल पर उतरीं कैडेट्स

सड़क पर उतरने से पहले एनसीसी कैडेट्स को यातायात संचालन के बुनियादी संकेतों और सुरक्षा सावधानियों का गहन प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान कैडेट्स ने वाहन चालकों को निम्नलिखित नियमों के पालन के लिए प्रेरित किया:

  • ट्रैफिक सिग्नल का पूर्णतः पालन करना।
  • रेड लाइट जंप करने जैसी घातक गलतियों से बचना।
  • रॉन्ग साइड (गलत दिशा) में वाहन न चलाना।
  • सड़क सुरक्षा के सभी निर्धारित नियमों का पालन करना।

ट्रैफिक पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि यह प्रयास न केवल यातायात को सुगम बनाने के लिए था, बल्कि आम जनता में अनुशासन की भावना पैदा करना भी था। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी एनसीसी की विभिन्न इकाइयों के साथ मिलकर इस प्रकार के जागरूकता अभियान जारी रहेंगे, ताकि इंदौर की सड़कों को और अधिक सुरक्षित बनाया जा सके।