गुना में पुलिस टीम पर हमला: जब्ती की कार्रवाई के दौरान पथराव, आरक्षक घायल
मध्य प्रदेश के गुना जिले के कैंट थाना क्षेत्र में पुलिस की एक टीम पर उस समय हमला कर दिया गया, जब वे जब्ती की कार्रवाई के लिए आरोपियों को लेकर नयागांव स्थित उनके खेत पर पहुंचे थे। इस हमले में एक आरक्षक के सिर में गंभीर चोट आई है। पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा डालने और हमला करने की विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मुख्य हमलावर घटना के बाद से फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस की टीमें जुटी हुई हैं।
खेत पर जब्ती के दौरान हुई वारदात
कैंट थाने में पदस्थ एसआई कुशलपाल अपनी टीम के साथ दो आरोपियों, देवराज पारदी और वनराज पारदी को लेकर नयागांव पहुंचे थे। ये दोनों आरोपी पूर्व के आपराधिक मामलों में पुलिस रिमांड पर थे और उन्हीं की निशानदेही पर पुलिस माल की बरामदगी के लिए उनके खेत पर गई थी। पुलिस के अनुसार, कार्रवाई के दौरान वहां मौजूद टार्जन पारदी नाम के युवक ने पुलिस पर हमला किया। आरोप है कि रिमांड पर चल रहे दोनों आरोपियों ने टार्जन को इशारा किया, जिसके बाद उसने पुलिस टीम पर पथराव शुरू कर दिया।
आरक्षक के सिर में लगी गंभीर चोट
पथराव के दौरान टार्जन द्वारा फेंका गया एक पत्थर आरक्षक राजू बघेल के सिर में जा लगा, जिससे वे लहूलुहान हो गए। इस अचानक हुए हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। हमले का फायदा उठाकर आरोपी टार्जन धक्का-मुक्की करते हुए खेतों और झाड़ियों के रास्ते मौके से फरार हो गया। घायल आरक्षक को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका उपचार जारी है।
दर्ज हुआ मामला, फरार आरोपी की तलाश जारी
पुलिस ने इस मामले में कठोर कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को नामजद किया है। पुलिस की ओर से दी गई जानकारी के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
- नामजद आरोपी: टार्जन पारदी, देवराज पारदी और वनराज पारदी।
- धाराएं: भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 132, 121(1) और 49 के तहत केस दर्ज किया गया है।
- आरोप: सरकारी काम में बाधा डालना, पुलिस बल पर जानलेवा हमला और बलवा करना।
- वर्तमान स्थिति: आरक्षक राजू बघेल का अस्पताल में इलाज चल रहा है, वहीं फरार टार्जन पारदी को पकड़ने के लिए आसपास के इलाकों में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों ने सुनियोजित तरीके से पुलिस टीम पर हमला किया ताकि जब्ती की कार्रवाई को रोका जा सके। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस फरार आरोपी की धरपकड़ के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।









