शिवपुरी जनसुनवाई: शिक्षा, बिजली और पेयजल की समस्याओं का अंबार, कलेक्टर के सामने फरियादियों ने रखी अपनी बात
शिवपुरी जिला मुख्यालय पर मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में जिले के कोने-कोने से आए लोगों ने अपनी समस्याओं का पिटारा खोला। इस दौरान शिक्षा विभाग की तकनीकी खामियों से लेकर बिजली कटौती और निजी स्कूलों की मनमानी तक के कई गंभीर मामले सामने आए। कलेक्ट्रेट कार्यालय में पहुंचे लोगों ने संबंधित अधिकारियों के साथ कलेक्टर के सामने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए त्वरित समाधान की गुहार लगाई।
अतिथि शिक्षक का दर्द: पोर्टल की गलती से अटकी जॉइनिंग
पोहरी जनपद के शासकीय माध्यमिक विद्यालय बीलवरा कलां में गणित पढ़ाने वाले अतिथि शिक्षक अभिषेक भारद्वाज ने शिक्षा विभाग के एजुकेशन पोर्टल 3.0 की तकनीकी गड़बड़ी की शिकायत की। उन्होंने बताया कि वे पिछले 6 वर्षों से गणित पढ़ा रहे हैं, लेकिन नए सत्र 2026-27 में पोर्टल पर उनकी सीट के सामने ‘नो रिकॉर्ड फाउंड’ दिखाया जा रहा है। जबकि उसी स्कूल में सामाजिक विज्ञान के पद पर जॉइनिंग हो चुकी है। शिक्षक ने पोर्टल की त्रुटि सुधारने और उन्हें कार्यभार ग्रहण कराने की मांग की है।
जनसेवा का इनाम: किसान को थमाया 1.82 लाख का बिजली बिल
सतनवाड़ा कलां के किसान हरिवल्लभ धाकड़ का मामला जनसुनवाई में चर्चा का विषय रहा। उन्होंने बताया कि भीषण पेयजल संकट के समय उन्होंने अपने निजी कृषि कनेक्शन से ग्रामीणों को मुफ्त पानी पिलाया था, लेकिन इसके बदले बिजली विभाग ने उन्हें 1,82,716 रुपये का भारी-भरकम जुर्माना थमा दिया।
| विवरण | विवरण |
|---|---|
| पीड़ित | हरिवल्लभ धाकड़ (किसान) |
| आरोप | बिजली विभाग द्वारा गलत जुर्माना |
| जुर्माना राशि | 1,82,716 रुपये |
| मांग | जुर्माना निरस्त करना और कार्रवाई |
निजी स्कूलों की मनमानी और बिजली कटौती से ग्रामीण परेशान
जनसुनवाई में अन्य प्रमुख शिकायतें इस प्रकार रहीं:
- स्कूल पर गंभीर आरोप: शिवपुरी निवासी सूरज झा ने गुरु नानक स्कूल प्रबंधन के खिलाफ शिकायत की। आरोप है कि नर्सरी के छोटे बच्चों पर भारी-भरकम होमवर्क का बोझ डाला जा रहा है और स्कूल में देर तक रोका जा रहा है। शिकायत करने पर स्टाफ द्वारा अभद्र व्यवहार करने का भी आरोप है।
- बिजली कटौती से किसान बेहाल: ग्राम पंचायत खोंकर, निवोदा और सेसई के ग्रामीणों ने सरपंच जगदीश सिंह राजावत के नेतृत्व में प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना है कि पड़ोरा फीडर से 10 घंटे बिजली नहीं मिलने के कारण उनकी फसलें प्रभावित हो रही हैं और मोटरें जल रही हैं।
कलेक्टर ने सभी फरियादियों की शिकायतें गंभीरता से सुनीं और संबंधित विभागों के अधिकारियों को इन समस्याओं का जल्द से जल्द निराकरण करने के निर्देश दिए हैं। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि बिजली और शिक्षा विभाग की व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ, तो वे उग्र आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
