दिल्ली में महिलाओं के लिए शुरू होंगी 56 विशेष इलेक्ट्रिक बसें, सफर होगा और भी सुरक्षित और सुविधाजनक
दिल्ली सरकार ने राजधानी की महिला यात्रियों के लिए सार्वजनिक परिवहन को अधिक सुरक्षित, सुगम और भरोसेमंद बनाने के उद्देश्य से एक बड़ा कदम उठाया है। दिल्ली परिवहन निगम (DTC) जल्द ही विशेष रूप से महिलाओं के लिए 56 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू करने जा रहा है। इस बेड़े में कामकाजी महिलाओं के लिए 30 लेडीज स्पेशल इलेक्ट्रिक बसें और छात्राओं की सुरक्षित यात्रा के लिए 26 यूनिवर्सिटी लेडीज स्पेशल (U-SPL) इलेक्ट्रिक बसें शामिल की गई हैं।
परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, ये विशेष बसें दिल्ली के 28 सबसे व्यस्त रूटों पर दौड़ेंगी। इसका मुख्य लक्ष्य सुबह और शाम के पीक आवर्स के दौरान भीड़भाड़ को कम करना और महिलाओं को आरामदायक यात्रा का अनुभव देना है। यह पहल न केवल नौकरीपेशा महिलाओं और छात्राओं के दैनिक सफर को आसान बनाएगी, बल्कि इलेक्ट्रिक बसों के माध्यम से पर्यावरण के अनुकूल और आधुनिक परिवहन व्यवस्था को भी बढ़ावा देगी।
किन रूटों और समय पर चलेंगी ये बसें
डीटीसी की इन 30 लेडीज स्पेशल बसों को प्रमुख व्यावसायिक केंद्रों, दफ्तरों और मुख्य मेट्रो स्टेशनों को जोड़ने के लिए डिजाइन किया गया है। इन बसों का संचालन मुख्य रूप से कामकाजी महिलाओं के ऑफिस आने-जाने के समय को ध्यान में रखकर किया जाएगा।
| सेवा का प्रकार | समय (सुबह) | समय (शाम) |
|---|---|---|
| लेडीज स्पेशल | 7:52 AM से 9:00 AM | 4:32 PM से 6:15 PM |
वहीं, 26 यूनिवर्सिटी लेडीज स्पेशल (U-SPL) बसें दिल्ली विश्वविद्यालय के नॉर्थ और साउथ कैंपस के अलावा अन्य प्रमुख शिक्षण संस्थानों को आवासीय इलाकों से जोड़ेंगी। इसमें नजफगढ़, रोहिणी, जनकपुरी, मुंडका, मयूर विहार, कालकाजी, पल्ला और धौलाकुआं जैसे प्रमुख क्षेत्र शामिल किए गए हैं।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम और आधुनिक सुविधाएं
दिल्ली सरकार द्वारा शुरू की जा रही ये 56 बसें पूरी तरह से इलेक्ट्रिक हैं। महिला यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इनमें कई हाई-टेक सुरक्षा फीचर दिए गए हैं:
- सीसीटीवी कैमरे और ऑपरेशन कंट्रोल सेंटर से जुड़े पैनिक बटन।
- लो-फ्लोर रैंप की सुविधा और महिला मार्शल या सुरक्षाकर्मियों की तैनाती।
- बसों की विशेष ब्रांडिंग ताकि इन्हें दूर से ही पहचाना जा सके।
- पिंक स्मार्ट कार्ड प्रणाली से जुड़ाव, जिससे पात्र महिला यात्रियों को मुफ्त और कैशलेस यात्रा का लाभ मिल सके।
परिवहन मंत्री का बयान: महिलाओं की सुरक्षा हमारी प्राथमिकता
दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने इस पहल पर जोर देते हुए कहा कि महिलाओं का सम्मान और उनकी सुरक्षित यात्रा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है। उन्होंने बताया कि यह नेटवर्क महिला यात्रियों की दैनिक जरूरतों और रूटों के गहन अध्ययन के बाद तैयार किया गया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में सरकार एक समावेशी परिवहन मॉडल विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने उम्मीद जताई कि ये बसें कामकाजी महिलाओं और छात्राओं के लिए एक बड़ी राहत साबित होंगी और राजधानी की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाएंगी।










