दुर्ग पुलिस की बड़ी कामयाबी: अंतरजिला वाहन चोर गिरफ्तार, 1.60 लाख की तीन बाइक बरामद
दुर्ग जिले की जामुल पुलिस ने वाहन चोरी के मामलों में एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एक शातिर अंतरजिला वाहन चोर को रायगढ़ जिले से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान 32 वर्षीय आनंदी मंडल के रूप में हुई है, जो मूल रूप से ओडिशा का रहने वाला है। पूछताछ के दौरान आरोपी ने भिलाई, रायपुर और बिलासपुर से महंगी मोटरसाइकिलें चोरी करने का जुर्म कबूल किया है। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर कुल 1.60 लाख रुपये कीमत की तीन बाइक बरामद की हैं।
कैलाश नगर से शुरू हुई थी जांच
मामले की शुरुआत जामुल थाना क्षेत्र के कैलाश नगर से हुई थी। पीड़ित युगल पटेल ने पुलिस को शिकायत दी थी कि 1 जून 2026 को उनका भाई कुणाल पटेल अपनी यामाहा आर-15 बाइक (CG 07 CU 6238) से सामान खरीदने गया था। खरीदारी के बाद जब वह वापस लौटा, तो वहां से बाइक गायब थी। काफी खोजबीन के बाद भी वाहन न मिलने पर पीड़ित ने जामुल थाने में एफआईआर दर्ज कराई। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर जाल बिछाया, जिसके बाद आरोपी का लोकेशन रायगढ़ के चक्रधर नगर में ट्रेस हुआ।
आरोपी के पास से बरामद वाहनों का विवरण
पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने कई वारदातों का खुलासा किया। बरामद किए गए वाहनों का विवरण नीचे दी गई तालिका में है:
| वाहन का प्रकार | चोरी का स्थान | अनुमानित कीमत |
|---|---|---|
| यामाहा आर-15 | कैलाश नगर, भिलाई | 55,000 रुपये |
| होंडा साइन | बिलासपुर | 45,000 रुपये |
| केटीएम (बिना नंबर) | रायपुर | 60,000 रुपये |
भीड़भाड़ वाले इलाकों को बनाता था निशाना
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी आनंदी मंडल काफी शातिर है। वह मुख्य रूप से भीड़भाड़ वाले बाजारों और सार्वजनिक पार्किंग स्थलों पर खड़ी बाइकों पर नजर रखता था। मौका मिलते ही वह मास्टर चाबी या अन्य तरीकों से वाहन पार कर देता था। पकड़े जाने के डर से वह चोरी की गई गाड़ियों को तुरंत दूसरे जिलों में ले जाकर छिपा देता था। वर्तमान में वह छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के सरिया थाना अंतर्गत दर्राभाठा रिसोड़ा गांव में रह रहा था।
न्यायिक रिमांड पर भेजा गया आरोपी
- आरोपी का नाम: आनंदी मंडल (32 वर्ष)
- मूल निवासी: संबलपुर, ओडिशा
- वर्तमान पता: दर्राभाठा रिसोड़ा, सारंगढ़-बिलाईगढ़
- कार्रवाई: आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
पुलिस अब इस बात की भी गहन जांच कर रही है कि आरोपी ने इन तीन जिलों के अलावा और कहां-कहां वाहन चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है। इस कार्रवाई से क्षेत्र में वाहन चोर गिरोहों के सक्रिय नेटवर्क का पर्दाफाश होने की उम्मीद है।










