HCL 50th Anniversary: स्टेज पर CEO के सामने सैलरी हाइक के नारे


चेन्नई में आयोजित HCL के 50वें स्थापना दिवस समारोह के दौरान उस समय असहज स्थिति पैदा हो गई, जब कंपनी के CEO सी विजयकुमार के मंच पर आते ही कर्मचारियों ने वेतन वृद्धि (सैलरी हाइक) की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। जश्न के माहौल में हुआ यह विरोध प्रदर्शन अब सोशल मीडिया पर…

चेन्नई में आयोजित HCL के 50वें स्थापना दिवस समारोह के दौरान उस समय असहज स्थिति पैदा हो गई, जब कंपनी के CEO सी विजयकुमार के मंच पर आते ही कर्मचारियों ने वेतन वृद्धि (सैलरी हाइक) की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। जश्न के माहौल में हुआ यह विरोध प्रदर्शन अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है, जहां लोग इसे कॉरपोरेट जगत में कर्मचारियों की नाराजगी के एक बड़े उदाहरण के रूप में देख रहे हैं।

विरोध के बीच संयमित दिखे CEO

हॉल में मौजूद कर्मचारियों के शोर और नारेबाजी के बीच CEO सी विजयकुमार ने संयम बनाए रखा। प्रदर्शन के दौरान वह लगातार मुस्कुराते रहे और दर्शकों का अभिवादन करते हुए हाथ हिलाते नजर आए। भारी हंगामे के बावजूद उन्होंने अपना संबोधन जारी रखा, हालांकि इस घटना ने कंपनी के भीतर कर्मचारियों के असंतोष की ओर सबका ध्यान खींचा है।

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल

इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर तेजी से वायरल हो रहा है। नेटिजन्स इसे मैनेजमेंट तक अपनी बात पहुंचाने का एक साहसी तरीका बता रहे हैं। जहां कुछ लोग इसे कर्मचारियों का ‘ईमानदार आक्रोश’ कह रहे हैं, वहीं कॉरपोरेट गलियारों में इसे कंपनी के लिए एक बड़ी चुनौती के रूप में देखा जा रहा है।

HCL और नेतृत्व का संक्षिप्त परिचय

  • सी विजयकुमार: उन्होंने 1994 में सीनियर इंजीनियर के तौर पर HCL में करियर शुरू किया था और 2016 से वे कंपनी के CEO के पद पर कार्यरत हैं।
  • स्थापना: दिग्गज उद्योगपति शिव नाडर ने 1976 में HCL की नींव रखी थी।
  • वैश्विक उपस्थिति: वर्तमान में कंपनी 60 देशों में अपनी सेवाएं दे रही है और इसमें 2.23 लाख से अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं।
  • आर्थिक प्रदर्शन: जून 2026 तक समाप्त हुए वित्त वर्ष में कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 14.8 अरब डॉलर (लगभग ₹1.42 लाख करोड़) रहा है।

HCL टेक वर्तमान में AI, क्लाउड, इंजीनियरिंग और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन जैसे क्षेत्रों में वैश्विक स्तर पर काम कर रही है। कंपनी फाइनेंशियल सर्विसेज, मैन्युफैक्चरिंग और हेल्थकेयर जैसे प्रमुख उद्योगों को तकनीकी समाधान प्रदान करती है। हालांकि, स्थापना दिवस के मौके पर हुई इस नारेबाजी ने कंपनी के भीतर वेतन और प्रोत्साहन से जुड़ी आंतरिक चिंताओं को सार्वजनिक कर दिया है।