Shocking: चौथी मंजिल से कूदी नाबालिग, सुसाइड नोट में लिखी ये आखिरी बात


उदयपुर जिले के भींडर कस्बे में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां 17 वर्षीय 12वीं की छात्रा ने एक निर्माणाधीन आवासीय कॉम्प्लेक्स की चौथी मंजिल से छलांग लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस को छात्रा की स्कूटी से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है, जिसमें उसने साफ…

उदयपुर में 12वीं की छात्रा ने निर्माणाधीन बिल्डिंग से कूदकर दी जान, सुसाइड नोट में माता-पिता को बताया बेकसूर

उदयपुर जिले के भींडर कस्बे में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां 17 वर्षीय 12वीं की छात्रा ने एक निर्माणाधीन आवासीय कॉम्प्लेक्स की चौथी मंजिल से छलांग लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस को छात्रा की स्कूटी से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है, जिसमें उसने साफ लिखा है कि इस कदम के लिए उसके माता-पिता की कोई गलती नहीं है। छात्रा ने अपने माता-पिता के प्रति प्रेम जाहिर करते हुए उन्हें इस घटना से दूर रखा है। फिलहाल, पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की गहनता से जांच की जा रही है।

घटना का विवरण: स्कूल से घर जाने के बजाय कॉम्प्लेक्स पहुंची छात्रा

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतका एक निजी विद्यालय में कक्षा 12वीं की छात्रा थी। दोपहर करीब पौने दो बजे जब स्कूल की छुट्टी हुई, तो वह घर जाने के बजाय कस्बे में स्थित एक चार मंजिला निर्माणाधीन इमारत के पास पहुंची। वहां उसने अपनी स्कूटी पार्क की और इमारत में काम कर रहे मजदूरों से बहाना बनाया कि उसकी बॉल ऊपर चली गई है। इसके बाद वह तेजी से चौथी मंजिल पर गई और वहां से नीचे छलांग लगा दी। नीचे गिरते समय वह इमारत के चबूतरे से टकराई, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। धमाके की आवाज सुनकर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और उसे तुरंत भींडर अस्पताल ले गए, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद उसे उदयपुर रेफर कर दिया गया, लेकिन अस्पताल में इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया।

पुलिस और स्कूल प्रशासन की प्रतिक्रिया

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय थानाधिकारी दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और साक्ष्य जुटाए। पुलिस का कहना है कि छात्रा ने आत्मघाती कदम क्यों उठाया, इसका कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है। परिवार के सदस्य फिलहाल गहरे सदमे में हैं और उदयपुर अस्पताल में मौजूद हैं। वहीं, स्कूल प्रशासन ने इस घटना पर गहरा दुख और आश्चर्य व्यक्त किया है। स्कूल प्रबंधन का कहना है कि छात्रा पढ़ाई में सामान्य थी और स्कूल में उसका व्यवहार भी पूरी तरह सामान्य था। किसी को भी इस बात का आभास नहीं था कि वह इतना बड़ा कदम उठा सकती है। पुलिस अब छात्रा के दोस्तों और परिजनों से पूछताछ कर आत्महत्या के पीछे के सटीक कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।

मानसिक स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण सुझाव

  • यदि आप या आपका कोई परिचित तनाव या अवसाद से गुजर रहा है, तो कृपया पेशेवर काउंसलर या मनोचिकित्सक से संपर्क करें।
  • किसी भी प्रकार के मानसिक दबाव को अपनों के साथ साझा करना बहुत जरूरी है।
  • आत्महत्या के विचार आने पर तुरंत हेल्पलाइंस (जैसे किरण हेल्पलाइन: 1800-599-0019) की मदद लें।
  • अभिभावकों को अपने बच्चों के व्यवहार में आए बदलावों पर बारीकी से नजर रखनी चाहिए और उनसे संवाद बनाए रखना चाहिए।