खोराबीसल ज्वेलर्स लूटकांड: पुलिस ने तीन और बदमाशों को दबोचा, रिमांड पर खुला राज
राजधानी जयपुर के खोराबीसल इलाके में ज्वेलर्स पर जानलेवा हमला कर लाखों के सोने-चांदी के जेवरात लूटने वाली गैंग के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मामले में संलिप्त तीन और बदमाशों को गिरफ्तार किया है, जो वारदात के बाद से ही लगातार फरार चल रहे थे। आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद पांच दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस ने इस दौरान आरोपियों की घटनास्थल पर मौका परेड भी कराई, जिसे देखने के लिए भारी भीड़ उमड़ पड़ी। स्थानीय लोगों ने अपने मोबाइल में आरोपियों की करतूतों को कैद किया।
लूट की साजिश और आरोपियों की भूमिका
पुलिस जांच में सामने आया है कि 3 जुलाई की रात नांगल लाड़ी निवासी ज्वेलर्स शंकरलाल शर्मा पर हमला कर जेवरात से भरा बैग लूटने वाली इस गैंग में कई लोग शामिल थे। पहले तीन आरोपियों—कमलेश बाज्या, अशोक मीणा और विशाल मीणा की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने अब तीन नए चेहरों को बेनकाब किया है। इन आरोपियों की भूमिका केवल लूट तक ही सीमित नहीं थी, बल्कि इन्होंने वारदात को अंजाम देने के लिए पूरी तैयारी की थी।
गिरफ्तार किए गए नए आरोपियों का विवरण
| नाम | उम्र | पता |
|---|---|---|
| शिवशंकर यादव | 21 वर्ष | देवपुरा टाकलडा, चौमूं |
| राहुल शर्मा | 21 वर्ष | भोलपुरा, कालाडेरा |
| राजेश कुमार शर्मा | 24 वर्ष | भीलपुरा अनुपपुरा, कालाडेरा |
जांच की बारीकियां और सफलता का आधार
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने चार अलग-अलग टीमें गठित की थीं। जांच के दौरान पुलिस को घटनास्थल से एक कार का शीशा मिला, जिस पर लगे स्टिकर ने केस को सुलझाने में बड़ी भूमिका निभाई। पुलिस ने रूटमैप तैयार किया और पाया कि बदमाशों ने पहचान छिपाने के लिए कार की नंबर प्लेट पर काला कपड़ा बांध रखा था। कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने सिरसी लिंक रोड से इन आरोपियों को दबोच लिया।
लूट का माल ठिकाने लगाने का तरीका
एसआई अभिषेक स्वामी ने बताया कि मुख्य आरोपी ने पूछताछ में खुलासा किया कि उसने इन तीनों को 25-25 हजार रुपये दिए थे। इस रकम के बदले आरोपियों ने 5 हजार रुपये प्रतिदिन के किराए पर चौमूं से कार उपलब्ध कराई थी। लूट के बाद जेवरात को ठिकाने लगाने की जिम्मेदारी भी इन्हीं के पास थी:
- आरोपियों ने राहुल शर्मा के घर के पीछे चांदी पिघलाने के उपकरणों का इस्तेमाल किया।
- लूटी गई चांदी को पिघलाकर उसे सिल्ली का रूप दे दिया गया ताकि पहचान न हो सके।
- पुलिस ने मौके से चांदी पिघलाने के उपकरण बरामद कर लिए हैं।
फिलहाल, पुलिस लूटे गए शेष माल की बरामदगी और फरार चल रहे अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है। इस कार्रवाई ने इलाके में सक्रिय अपराधियों के हौसले पस्त कर दिए हैं।
