गुना में ‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ अभियान का आगाज, पुलिस ने ली नशामुक्ति की शपथ
पुलिस मुख्यालय के दिशा-निर्देशों के अनुरूप, गुना में बुधवार को ‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ अभियान का विधिवत शुभारंभ किया गया। इस विशेष कार्यक्रम की शुरुआत पुलिस लाइन में आयोजित एक शपथ ग्रहण समारोह से हुई, जिसमें पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लिया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को नशे के घातक परिणामों के प्रति सचेत करना और उन्हें एक स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना है।
एसपी हितिका वासल ने दिलाई नशामुक्ति की शपथ
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक हितिका वासल ने पुलिस बल के जवानों को संबोधित करते हुए नशामुक्ति की शपथ दिलाई। उन्होंने स्पष्ट किया कि नशे से दूरी बनाना न केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य के लिए, बल्कि परिवार और समाज की बेहतरी के लिए भी अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग के लिए यह आवश्यक है कि वे स्वयं इस संकल्प का आदर्श उदाहरण पेश करें, तभी समाज में एक प्रभावशाली और सकारात्मक संदेश जाएगा।
अभियान की रूपरेखा और पुलिस की भूमिका
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रशांत सिंह सुमन ने अभियान की विस्तृत रूपरेखा साझा की। उन्होंने बल पर जोर देते हुए कहा कि प्रत्येक पुलिसकर्मी को जागरूकता दूत के रूप में कार्य करना चाहिए। यदि कहीं भी कोई व्यक्ति नशा करते हुए पाया जाता है, तो उसे समझाइश देकर सही मार्ग पर लाने का प्रयास किया जाना चाहिए। एक अनुशासित पुलिसकर्मी का संदेश समाज में बदलाव लाने की बड़ी ताकत रखता है।
जागरूकता रैली के जरिए दिया गया संदेश
शपथ ग्रहण के बाद पुलिस लाइन से लेकर जयस्तंभ चौराहे तक एक भव्य जागरूकता रैली निकाली गई। इस रैली में बाइक सवार पुलिसकर्मियों के साथ ही पैदल जवानों ने भी हिस्सा लिया। रैली के दौरान प्रमुख रूप से निम्नलिखित गतिविधियां की गईं:
- नशे के दुष्प्रभावों के बारे में आमजन को जागरूक करना।
- समाज को नशामुक्त बनाने के लिए नारों का प्रदर्शन।
- शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जन-संवाद स्थापित करना।
नशामुक्ति के दूत बनकर कार्य करें पुलिसकर्मी
एसपी हितिका वासल ने गुना जिले में नशे की गंभीर समस्या को देखते हुए जनभागीदारी को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे केवल ड्यूटी तक सीमित न रहें, बल्कि ‘नशामुक्ति के दूत’ बनकर गांव-गांव और शहर के हर कोने में जाकर लोगों को जागरूक करें। उन्होंने जोर देकर कहा कि आज लिया गया यह संकल्प तभी सार्थक होगा जब इसकी गूंज समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचेगी।
